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IND vs NZ: पहले टेस्ट में इन पांच खिलाड़ियों की टक्कर हो सकती है रोमांचक

Naveen Sharma

भारत और न्यूजीलैंड के बीच पहला टेस्ट क्रिकेट मैच शुरू होने में अब महज कुछ घंटो का समय शेष रहा है ऐसे में नीली जर्सी वाले पुरुष विपक्षी टीम को अनूठे उत्साह के साथ तेज व अनुकूल घरेलू मौसम में पटखनी देने के लिए उत्सुक हैं। अगले छह महीने में भारतीय टीम के लिए 13 टेस्ट मैच खेले जाने प्रस्तावित है जिसमें विराट और साथियों के पास नम्बर एक की रैंक पुनः प्राप्त करने का सुनहरा अवसर रहेगा। भारत ने वेस्टइंडीज को तीसरे टेस्ट क्रिकेट मैच में हराते हुए नम्बर एक की रैंक हासिल कर ली थी मगर वेस्टइंडीज सीरीज का अंतिम टेस्ट मैच बारिश से धुलने के साथ ही नम्बर एक टीम का दर्जा पाकिस्तान को समर्पित कर दिया। कोहली अपने छोटे से कार्यकाल में अब तक अति-सक्रिय रहे हैं, और अपने नेतृत्व में भारत को श्रीलंका और वेस्टइंडीज पर जीत दर्ज करवाने के साथ ही घर में दक्षिण अफ्रीका भी 3-0 से हराया है। दूसरी तरफ केन विलियमसन के नेतृत्व वाली न्यूजीलैंड टीम दक्षिण अफ्रीका से एक सीरीज हारकर आई है। वे स्पिन के लिए मददगार पिचों पर घातक साबित होने वाले भारतीय स्पिनरों का डटकर मुकाबला करने के लिए तैयार होंग। केन विलियमसन पिछले कुछ सालों से शानदार फॉर्म में रहे हैं और हाल ही में टेस्ट क्रिकेट में सभी देशों के विरुद्ध शतक जड़ने वाले सबसे युवा बल्लेबाज बने हैं। न्यूजीलेंड टीम ने भी भारतीय बल्लेबाजी को समान स्थिति में जवाब देने के लिए अपनी टीम में तीन स्पिनर्स रखे हैं। यहाँ हम आपको उन पांच खिलाड़ियों की लड़ाई से रूबरू करवाते हैं जो इस शुरूआती टेस्ट मैच के परीणाम में निर्णायक साबित हो सकते हैं। #1 विराट कोहली बनाम ट्रेंट बोल्ट kohli-and-boult-1474416076-800 कोहली और बोल्ट के मध्य यह लड़ाई मुंह में पानी वाली प्रतियोगिता हो सकती है क्योंकि दोनों ही खिलाड़ी अभी अपने करियर के चरम पर है। जहाँ कोहली भारत की तरफ से सभी प्रारूपों में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं वहीं साउदी के साथ बोल्ट न्यूजीलेंड टीम के एक महत्वपूर्ण सदस्य हैं. इन खतरनाक गेंदबाजों की जोड़ी ने अनेकों मजबूत बल्लेबाजी क्रमों को ध्वस्त किया है। हाल ही में वेस्टइंडीज के साथ सम्पन्न हुई टेस्ट सीरीज में विराट कोहली ने अपना पहला दोहरा शतक जड़ा था और यहाँ कीवी टीम के खिलाफ भी वे इसे जारी रखने का प्रयास करेंगे. उन्होंने भारतीय ड्रेसिंग रूम में उच्च मापदंड स्थापित किए हैं तथा उन्हें गेंदबाजी करने पर उनकी तरफ से गलती की न्यूनतम सम्भावना होती है। इंग्लैंड में कोहली को शरीर से बाहर जाती हुई गेंदों पर हुई परेशानी की वास्तविकता बोल्ट के दिमाग में होगी इसलिए वे इस आधुनिक लीजेंड को ऑफ़ स्टम्प से बाहर वाली लाइन लैंग्थ से परेशान करने की फिराक में रहेंगे। #2 मिचेल सांटनर बनाम चेतेश्वर पुजारा pujara-santner-1474416103-800 मध्यक्रम के मजबूत बल्लेबाज सौराष्ट्र के चेतेश्वर पुजारा द्वारा अचम्भित करने वाला घरेलू रिकॉर्ड रखते हुए भी वे इसे विदेशी परिस्थितियों में नहीं दोहरा सके. पुजारा अपने छोटे से करियर में दो दोहरे शतक लगाकर विशेषकर भारतीय परिस्थितियों में टेस्ट टीम का महत्वपूर्ण हिस्सा बन गए। हालांकि वे अपने उतार-चढाव भरे फॉर्म के कारण पिछले कुछ समय टीम से बाहर भी रहे थे, उनके चौंका देने वाले घरेलू रिकॉर्ड और भारत के भीतर उनका टेस्ट रिकॉर्ड उन्हें इस लम्बे घरेलू सत्र में भारतीय टीम का एक अहम हिस्सा बनाता है। दूसरी तरफ बाएँ हाथ के स्पिन गेंदबाज मिचेल सेंटनर अपने अब तक के छोटे से करियर में बहुत प्रभावशाली रहे हैं। अन्तर्राष्ट्रीय करियर में इस नए खिलाड़ी को यह ध्यान में होगा कि पुजारा बाएँ हाथ के गेंदबाजों से परेशान होते रहे हैं तथा वे उन्हें अपनी विविधता भरी गेंदबाजी से अस्थिर करने की सोचेंगे। सांटनर भारतीय पिचों के टर्निंग वर्ग की उम्मीद से अपने पदार्पण को भारत में यादगार बनाने के लिए उत्सुक होंगे। #3 अजिंक्य रहाणे बनाम नील वैगनर rahane-wagner-1474416124-800 प्रत्येक परिस्थिति में भारत के लिए रनों का ढेर लगाने वाले भारत के अकीर्तित नायक अजिंक्य रहाणे का शानदार प्रदर्शन रहा है. 2015 में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चौथे टेस्ट की दोनों पारियों में शतक लगाने से पूर्व रहाणे ने अपने करियर की शुरुआत में विदेशी धरती पर इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के खिलाफ काफी टेस्ट मैच खेल सैंकड़े जमाए थे. किसी भी परिस्थिति में खुद को ढालने की सक्षमता उन्हें आने वाली सीरीज के लिए भारतीय टीम का अहम हिस्सा बनाती है। साउथ अफ्रीका में जन्मे बाएँ हाथ के तेज गेंदबाज नील वैगनर मौजूदा न्यूजीलैंड टीम का अभिन्न हिस्सा रहे हैं। वे प्रतिकूल परिस्थितियों में भी विकेट लेने की क्षमता रखते हैं जो उन्हें कीवी टीम के लिए एक महत्वपुर्ण सम्भावना बनाती है। अपने करियर के शुरूआती दौर में वेगनर नई गेंद के गेंदबाज माने जाते थे मगर उनके प्रदर्शन में रिवर्स स्विंग जैसी गेंद जुड़ने के बाद वे एक पूर्ण गेंदबाज बन गए। #4 केन विलियमसन बनाम रवि चंद्रन आश्विन ashwin-williamson-1474416149-800 कीवी कप्तान पिछले कुछ समय से जबरदस्त फॉर्म में चल रहे हैं और हाल ही मैं उन्होंने टेस्ट खेलने वाले सभी देशों के खिलाफ शतक बनाने वाले सबसे कम उम्र के युवा खिलाड़ी बनने का नया रिकॉर्ड कायम किया है। केन विलियम्सन न्यूजीलैंड बल्लेबाजी क्रम के स्तम्भ है तथा कुछ समय से ये लगातार अपनी टीम को मुसीबतों से ऊबारने में सक्षम रहे हैं. स्पिन के जबरदस्त खिलाड़ी होने के बावजूद उन्हें भारतीय स्पिन गेंदबाजों के खिलाफ सावधान रहना होगा जिसमें रविचंद्रन आश्विन ख़ास है। रविचंद्रन आश्विन टेस्ट क्रिकेट के नम्बर एक स्पिन गेंदबाज हैं तथा उन्हें इस लम्बे घरेलू सत्र में अपना दबदबा कायम रखने की पूरी उम्मीद होगी जिसमें भारत को 13 टेस्ट मैच खेलने हैं। आश्विन पिछले कुछ समय से लगातार अच्छा प्रदर्शन करते आ रहे हैं एवं उनमें निरन्तरता देखने को मिली है। आश्विन ने अपने 36 टेस्ट मैचों के करियर में 25 के बेहतरीन औसत से 193 शिकार अपने नाम किए हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि दुनिया के नम्बर 1 ऑफ़ स्पिनर गेंदबाज को नवीन युग के महान बल्लेबाजों में से एक विलियम्सन किस तरह खेलते हैं। #5 रॉस टेलर बनाम रविन्द्र जडेजा taylor-jaddu-1474416183-800 न्यूजीलैंड के विस्फोटक बल्लेबाज रोस टेलर ने लगातार रन बनाकर कप्तान विलियम्सन के साथ मिलकर न्यूजीलेंड की बल्लेबाजी को स्थिरता प्रदान की है। टेलर ने हाल ही में काफी परिपक्वता दिखाई है लेकिन उनका भारत के खिलाफ प्रदर्शन कुछ ख़ास नहीं रहा है। अब तक भारत में एक टेस्ट शतक बनाने वाले टेलर की पूरी कोशिश होगी कि गुरुवार से शुरू हो रही सीरीज में वे भारतीय जमीन पर अपना रिकॉर्ड बेहतर करें। दूसरी ओर रविन्द्र जड़ेजा भारत के लिए एक महत्वपूर्ण गेंदबाज साबित हुए हैं, खासकर भारत की घूमती हुई पिचों पर दक्षिण अफ्रीका को 3-0 से हराने में जड़ेजा ने अहम भूमिका निभाई थी। जडेजा की ख़ास बात ये है कि ये तेज गति से गेंद को घूमाते हैं जिससे बल्लेबाजों को एडजस्ट होने का मौका नहीं मिलता। जडेजा के पास विविधता की कमी होने के बावजूद वे क्रीज का अच्छा इस्तेमाल करते हैं तथा अलग-अलग कोण से गेंद को बदलते हैं जिससे बल्लेबाजों को भारत की घूमती हुई पिचों पर उन्हें समझने में दिक्कत होती है।

Edited by Staff Editor

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