रीढ़ की हड्डी में गैप के इलाज में बहुत फायदेमंद माने जाते हैं ये आयुर्वेदिक नुस्खे 

रीढ़ की हड्डी में गैप के इलाज में बहुत फायदेमंद माने जाते हैं ये आयुर्वेदिक नुस्खे  (sportskeeda Hindi)
रीढ़ की हड्डी में गैप के इलाज में बहुत फायदेमंद माने जाते हैं ये आयुर्वेदिक नुस्खे (sportskeeda Hindi)

बढ़ती उम्र के साथ-साथ लोगों के शरीर में कई करह की परेशानियां भी बढ़ने लगती हैं, जिसमें से एक है रीढ़ की हड्डी में गैप आ जाना। रीढ़ की हड्डी में गैप किसी भी उम्र के व्यक्ति को परेशान कर देता है। इस समस्या में लोग इसे ठीक करने के लिए इधर-उधर भटकते रहते हैं लेकिन सही इलाज कभी भी आपके लिए पहले जैसा साबित नहीं हो सकता है। जानते हैं रीढ़ की हड्डी में गैप के इलाज में बहुत फायदेमंद माने जाते हैं ये आयुर्वेदिक नुस्खे।

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रीढ़ की हड्डी में गैप होने के लक्षण -

1- रीढ़ की हड्डी में गैप होने पर दर्द की समस्या रहती है।

2- भारी-भरकम सामान उठाने पर दर्द होता है।

3- झुकते वक्त पीठ में दर्द हो जाता है।

4- सीधे खड़े होने पर कमर से कट-कट की आवाज आती है।

5- पीठ सीधी करने में परेशानी होती है।

रीढ़ की हड्डी में गैप (स्पोंडिलोसिस) की समस्या के कारण

1 . इंटरवर्टेब्रल डिस्क के सूख जाने पर।

2 . वर्टेब्रल कम्प्रेशन फ्रैक्चर होने की वजह से।

3 . ऑस्टियोपोरोसिस की समस्या के कारण।

4 . कार्टिलेज के क्षरण होने की वजह से।

5 . खानपान और असंतुलित जीवनशैली की वजह से।

रीढ़ की हड्डी में गैप (स्पोंडिलोसिस) की समस्या का आयुर्वेदिक इलाज

1 . रीढ़ की हड्डी में गैप होने पर व्यक्ति की कमर में दर्द होता है ऐसे में इस परेशानी से राहत पाने के लिए तिल के तेल और घी का पाक बनाकर इसमें सेंधा नमक मिला लें। अब इस पाक का लेप रीढ़ की हड्डी (स्पोंडिलोसिस) पर करें। ऐसा लगभग 15 दिन तक करने से मरीज को दर्द और बैठने की समस्या से छुटकारा मिलता है।

2 . रीढ़ की हड्डी में गैप को भरने के लिए लाख में अर्जुन के पेड़ की छाल का चूर्ण बनाकर मिला लें। इसका सेवन लगातार कुछ दिनों तक करते रहें। ऐसा करने से इस समस्या में फायदा मिलता है।

3 . अरंडी के गुनगुने तेल से नियमित मालिश करने से रीढ़ की हड्डी में गैप या स्पोंडिलोसिस की समस्या में बहुत फायदा मिलता है।

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें। स्पोर्ट्सकीड़ा हिंदी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Edited by Naina Chauhan