चीकू खाने के फायदे 

चीकू खाने के फायदे  (sportskeeda Hindi)
चीकू खाने के फायदे (sportskeeda Hindi)

चीकू (सपोटा) का सेवन सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होता है। चीकू (Chiku) के फल में विटामिन-बी, विटामिन ई, पोटैशियम,फाइबर और मिनरल आदि प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं। अगर आप रोजाना चीकू का सेवन करते हैं तो इससे शरीर को कई बीमारियों से बचाया जा सकता है। इस फल को आसानी से पचाया जा सकता है, इसलिए लोग बुखार आदि आने पर इस फल का सेवन करना पसंद करते हैं। चीकू खाने से शरीर को तुरंत ऊर्जो मिलती है। आइए जानते हैं चीकू के अन्य फायदों के बारें में (Benefits Of Sapota Chiku)।

youtube-cover

चीकू खाने के फायदे : Health Benefits of Sapota (Chiku) in Hindi

1- चीकू खाने से शरीर को तुरंत एनर्जी (energy) मिलती है। अगर आप रोजाना एक से दो चीकू खाते हैं तो इससे शरीर की कमजोरी दूर होती है। इसमें कार्बोहाइड्रेट (carbohydrate) पाया जाता है।

2- वजन घटाने (weight lose) के लिए चीकू का सेवन मदद करता है। क्योंकि इससे मेटाबॉलिज्म अच्छा रहता है। चीकू खाने से पेट लंबे समय तक भरा रहता है, जिसकी वजह से व्यक्ति को भूख कम लगती है और वजन को आसानी से कम किया जा सकता है।

3 . हेल्दी दिमाग (Healthy Brain) के लिए चीकू का सेवन लाभकारी होता है। अगर किसी व्यक्ति को अनिद्रा, अवसाद और टेंशन की समस्या रहती है तो उसके लिए भी चीकू खाना फायदेमंद होगा। चीकू में पाए जाने वाले तत्व दिमाग को भरपूर ऑक्सीजन पहुंचाने में मदद करते हैं। इससे दिमाग हेल्दी रहता है।

4 . कैंसर (cancer) एक ऐसा बीमारी है जिसका समय पर पता लग जाए तो इलाज हो सकता है। क्योंकि ये एक जानलेवा बीमारी है। जो लोग रोजाना चीकू का सेवन करते हैं उनमें कैंसर के खतरे को कम किया जा सकता है। क्योंकि चीकू में एंटी-कैंसर गुण अच्छी मात्रा में पाए जाते हैं। चीकू और इसके फूल के अर्क को ब्रेस्ट कैंसर की कोशिकाओं को बढ़ने से रोकने में फायदेमंद माना जाता है। चीकू के मेथनॉलिक अर्क में कैंसर के ट्यूमर को बढ़ने से रोकने के गुण पाए जाते हैं। इससे कैंसर का खतरा कम होता है।

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें। स्पोर्ट्सकीड़ा हिंदी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Edited by Naina Chauhan