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आइकोनिक WWE वॉयसओवर आर्टिस्ट जिम फगन का निधन    

  • पार्किंसंस रोग के खिलाफ एक लंबी लड़ाई के बाद 72 साल की उम्र में हुआ निधन
Ankit Kumar
ANALYST
Modified 21 Sep 2018, 21:25 IST

दिग्गज वॉयसओवर आर्टिस्ट जिम फगन ने WWE में बतौर वॉयसओवर आर्टिस्ट के रुप में 1995 से 1999 तक काम किया हैं, वह अपनी आइकोनिक आवाज के लिए प्रसिद्ध थे। पार्किंसंस रोग के साथ एक लंबी लड़ाई के बाद मंगलवार दोपहर को 72 वर्ष की उम्र में जिम फगन का निधन हो गया। वेस्ट वर्जीनिया विश्वविद्यालय (WVU) से स्नातक जिम ने अपनी दमदार आवाज के कारण अनाउंसमेंट और स्पोर्ट्स की दुनिया में अपना करियर बनाया। विश्वविद्यालय में एक भूतपूर्व छात्र और WVU छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष जिम वेंडेलिया के भी एक सदस्य थे, जो कि WVU का सर्वोच्च सम्मान हैं। वॉयसओवर एक्टर के रुप में जिम का करियर शानदार रहा हैं। दिग्गज कलाकार जिम ने गएको, अलका स्लेटजर, किम्बेर्ली- क्लार्क और क्रिसलर के रुप में कई सैकडों कंपनी के व्यावसायिक विज्ञापनों के लिए काम किया हैं। 1989 में उन्होंने एनबीसी स्पोर्ट्स पदोन्नति की आवाज बनने के साथ स्पोर्ट्स प्रोड़क्शन में अपना डैब्यू किया। इसके बाद वह एनएफएल और बार्सिलोना में ओलंपिक और अटलांटा के लिए वॉयसओवर करने के लिए चले गए, साथ ही उन्होंने विम्बलडन पर भी वॉयसओवर का काम किया था। जिम ने ईएसपीएन पर साल 1990 से लेकर 2004 तक एनबीए एक्शन की मेजबानी की। आप नीचें जिम के WWE के साथ किए वॉयसओवर काम का एक वीडियो देख सकते हैं: जिम जैम एसोसिएट्स, इंक के मालिक और ऑपरेटर जिम लाग्रेंज रोटरी क्लब के एक सदस्य और एक पूर्व अध्यक्ष भी थे, साथ ही उन्होंने स्ट्रींगघम पार्क मेमोरियल प्लाजा में 9/11 स्मारक के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। जिम ने कई सालों तक WWE के लिए वॉयसओवर का काम किया है। WWE में (तब WWF )उनकी आवाज कई वीडियो प्रोमोज, पैकेज, और इंट्रो संबधित सेगमेंट में प्रयोग हुई हैं। फगन की आवाज 90 के दशक में WWE के साथ सेगमेंट करने के साथ उनकी आवाज आइकोनिक हो गई। वॉयसओवर दुनिया में सबसे आइकोनिक आवाजों में से एक, जिम फगन का पार्किंसंस रोग के साथ एक लम्बी लड़ाई लड़ने के बाद निधन हो गया, उनका अंतिम संस्कार उनके परिवार के सदस्यों द्वारा पूरा किया गया। जिम अपनी अद्वितीय आवाज़ के कारण अपने समय के एक प्रमुख ऑर्टिस्ट रहे हैं, जो अभी भी लोगों के कानों में सुनाई देती हैं। उनका निधन पूरे खेल और मनोरंजन उद्योग के लिए दुखद हैं। लेखक- चंद्र, अनुवादक-अंकित कुमार

Published 12 Feb 2017, 09:10 IST
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