खट्टी डकार की समस्या के कारण और छुटकारा पाने के घरेलू उपाय - Khatti Dakar Ki Samasya Ke Karan Aur Chutkara Pane Ke Gharelu Upaye

खट्टी डकार की समस्या के कारण और छुटकारा पाने के घरेलू उपाय  ( फोटो - Sportskeeda Hindi )
खट्टी डकार की समस्या के कारण और छुटकारा पाने के घरेलू उपाय ( फोटो - Sportskeeda Hindi )

खट्टी डकार (sour Burping) का आना यानी पेट का खराब होना। हर व्यक्ति में ये समस्या कभी न कभी होती ही है। लेकिन कुछ लोगों में यह दिक्कत हमेशा ही बनी रहती है और इसके कारण बहुत परेशानी होती है। लेकिन खट्टी डकार आती क्यों है। खट्टी डकारें तब आती हैं जब हम कुछ ऐसी चीजों का सेवन कर लेते हैं। जिसका पाचन हमें सही तरीके से न हुआ हो। और कई बार जल्दी-जल्दी खाने के चक्कर में भी अपना पाचन बिगाड़ लेते हैं और इससे खट्टी डकारें आना शुरु हो जाती हैं। इसको हम अपच के नाम से भी जानते हैं। जब खाना सही तरीके से नहीं पच पाता। खट्टी डकार से कई बार गले और सीने में जलन भी महसूस होती है। इन सबके उपचार के लिए कुछ ऐसे घरेलू उपाये हैं । जिससे आपको आराम मिल सकता है। तो आइए जानते हैं -

खट्टी डकार की समस्या के कारण

खट्टी डकार गलत तरीके के खान पान से भी आती है।

जल्दी- जल्दी खाना खाने से भी खट्टी डकार आ सकती है।

खाना खाने के बीच में पानी पीने से भी अपच हो सकती है।

मैदे के सेवन से खट्टी डकार आ सकती है।

धूम्रपान (Smoking), तनाव (Tension), कोल्ड ड्रिंक (Cold drink), शराब (Alcohol) के सेवन आदि से भी खट्टी डकारें आ सकती है।

कई बार कुछ दवाईयों (Medicine) के सेवन से भी खट्टी डकार आ सकती हैं।

खट्टी डकार को रोकने के घरेलू उपाय

छाछ का करें सेवन (Drink buttermilk) - एक ग्लास छाछ के सेवन से खट्टी डकारे आना बंद हो सकती है। क्योंकि छाछ के सेवन से हमारा पाचन सही बना रहता है और हम खट्टी डकारों से भी बचे रहते हैं।

दूध और पानी (Milk and Water) - यदि आपको खट्टी डकार आ रही हो और सीने और गले में जलन भी हो रही हो, तो ऐसे में आप आधा ग्लास दूध और आधा ग्लास पानी मिलाकर बिना चीनी के लें और पीए। इससे सीने व गले में होने वाली जलन से बहुत राहत मिलेगी।

अजवाइन का पानी (Ajwain water) - अजवाइन पेट के लिए एक बहुत ही अच्छा उपचार है। अजवाइन में काला नमक मिलाकर उसका सेवन करने से। पाचन क्रिया सही बनी रहती हैं। जिससे खट्टी डकारें भी नहीं आती हैं।

सौंफ और मिश्री का करें उपयोग (Use fennel and sugar candy) - सौंफ (Saunf) की तासीर ठंडी और पाचक (Digestive) होती है और मिश्री (sugar candy) की तासीर भी ठंडी होती हैं। ऐसे में अगर आप सौंफ और मिश्री का साथ में खाना खाने के बाद सेवन करते हैं, तो आपको इसके लाभ देखने को मिल सकते हैं। इससे पाचन क्रिया सही बनी रहेगी और पेट में ठंडक भी पहुंचेगी।

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें। स्पोर्ट्सकीड़ा हिंदी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Edited by Shilki