कुकरौंधा के औषधीय गुण- Kukraundha ke Aushadhi gun

जानिए क्या है कुकरौंधा के औषधीय गुण
जानिए क्या है कुकरौंधा के औषधीय गुण

आयुर्वेद में कई वनस्पतियों का प्रयोग औषधीय के रूप में किया जाता है। कुकरौंधा (Benefits of Kukraundha) भी एक ऐसा ही वनस्पति पौधा है जिसका इस्तेमाल कई रोगों की समस्या से निजात पाने में किया जाता है। कपूर जैसी गंध वाले इस पौधे में एंटीसेप्टिक गुण पाए जाते हैं। आयुर्वेद में कुकरौंधा को बवासीर की असरकारक दवा माना गया है। इसके अलावा बुखार, घाव भरने, त्वचा से जुड़ी परेशानियों आदि में इसका उपयोग किया जाता है। आज हम जानेंगे कुकरौंधा के फायदे के बारे में।

कुकरौंधा के औषधीय गुण- Kukraundha ke Aushadhi gun in Hindi

बवासीर (Kukraundha in hemorrhoids)

बवासीर की समस्या में कुकरौंधा का पौधा काफी लाभकारी हो सकता है। यह बवासीर की दवा के रूप में काम करता है। इस समस्या में कुकरौंधा के पौधे की पत्तियों को उबालकर 1 चौथाई बचने पर ठंडा करके पिएं। इसे सुबह-शाम 30-40 एमएल लें। छोटे बच्चे को बवासीर है तो उसे 10-15 एमएल ही दें। इससे जल्द ही लाभ नजर आने लगेगा।

पेट के रोगों में लाभकारी (Kukraundha is beneficial in stomach ailments)

छोटे बच्चों को अक्सर पेट में कीड़े हो जाते हैं ऐसे में कुकरौंधा इन कीड़ों को खत्म कर सकता है। इसके लिए इसका काढ़ा पीना चाहिए। कुकरौंधा के पत्तों को क्रश कर पानी में डालकर उबाल लें। 1 चौथाई रह जाने पर उसे 30-40 एमएल पिला देने से काफी फायदा मिलेगा।

खांसी, जुकाम, सिरदर्द (Kukraundha benefits in cough, cold, headache)

मौसम बदलते ही खांसी-जुकाम जैसी समस्या शुरू हो जाती है। ऐसे में कुकरौंधा के पत्तों का काढ़ा बनाकर पीने से खांसी-जुकाम और सिर दर्द में लाभ मिलता है।

सूजन (Kukraundha benefits in Swelling)

चोट लगने या मोच आने पर सूजन हो जाती है ऐसे में सूजन को दूर करने के लिए कुकरौंधा के पत्तों को पीसकर लगाने से सूजन जल्दी खत्म हो सकती है। इसके साथ ही इसका काढ़ा भी पीने से इसमें लाभ मिलता है।

चोट का घाव भरे (Kukraundha The wound healed)

चोट लगने पर घाव हो जाता है या कोई और पुराना इंफेक्शन ठीक नहीं हो रहा है तो ऐसे में कुकरौंधा के पत्तों को पीसकर घाव पर लगाने से घाव जल्दी भर जाते हैं।

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें। स्पोर्ट्सकीड़ा हिंदी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Edited by Ritu Raj