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एसिड रिफ्लक्स के आयुर्वेदिक उपाय - Acid Reflux Ke Ayurvedic Upay

एसिड रिफ्लक्स के आयुर्वेदिक उपाय (फोटो - sportskeedaहिन्दी)
एसिड रिफ्लक्स के आयुर्वेदिक उपाय (फोटो - sportskeedaहिन्दी)

एसिड रिफ्लक्स (Acid reflux) पाचन तंत्र से जुड़ी एक समस्या है। पेट ही इसका मुख्य केंद्र होता है। विशेषज्ञों की मानें तो जब पेट में एसिड अधिक उत्सर्जित होने लगती है, अथवा पेट में गैस यानी एसिडिटी की समस्या होती है, तो उसे एसिड रिफ्लक्स कहते हैं। एसिड मुँह की ओर भोजन की नली द्वारा आ जाता है, ऐसे में खाना उल्टी के रूप में बाहर आने लगता है। छोटे बच्चे भी दूध पीकर उसे तुरंत उगल देते हैं, यह एसिड रिफ्लक्स के कारण होता है।

इस समस्या के कई कारण हैं, जिनमें खाली पेट रहना, खाना खाकर लेटना, स्मोकिंग, भूख से अधिक खाना, असमय खाना, आदि प्रमुख हैं। एसिड रिफ्लक्स की सबसे बड़ी पहचान यह होती है कि इसमें इंसान को बेचैनी और छाती में जलन होती है। कभी-कभी सीने के नीचे दर्द भी हो सकता है। कुछ खास घरेलू उपाय से इस परेशानी से छुटकारा पाया जा सकता है। परेशानी बढ़ने से पहले आप घरेलू उपचार और जीवनशैली में बदलाव करके इस स्तिथि से उभर सकते हैं। यदि दिक्कत ज़्यादा हो तो डॉक्टर को ज़रूर से संपर्क करें।

एसिड रिफ्लक्स के आयुर्वेदिक उपाय - Acid Reflux Ke Ayurvedic Upay In Hindi

पपीता (Papaya)

पपीता पेट के लिए बहुत फायदेमंद होता है। इससे पाचन तंत्र मजबूत होता है। जबकि पेट संबंधी सभी विकार दूर हो जाते हैं। विशेषज्ञों की मानें तो पपीता में फाइबर की उच्च मात्रा होती है, जिससे पेट हमेशा भरा रहता है। इससे पेट में एसिड अधिक उत्सर्जित नहीं होती है। आप चाहे तो कच्चे अथवा पके दोनों पपीते का सेवन कर सकते हैं। यह सुपाच्य फल है।

अजवाइन (Ajwain)

अगर आप सीने में जलन और पेट में एसिडिटी से परेशान हैं, तो आप इन समस्याओं में अजवाइन यूज़ कर सकते हैं। इसके लिए आप अजवाइन को चबाएं। जबकि शीघ्र आराम के लिए अजवाइन को भून लें और और इसे पीसकर पानी में मिलाकर सेवन करें। आपको बहुत जल्द आराम मिल सकता है।

इसबगोल (Isabgol)

पेट में किसी भी समस्या का सबसे कारगर इलाज इसबगोल को माना जाता है। इसबगोल की भूसी को पानी में डालकर पीया जाता है। रात के समय इसका सेवन ज्यादा फायदेमंद होता है। इसका सेवन करने के लिए इसबगोल भूसी को पानी में डालकर फूलने दे और जब यह ठीक से फूल जाए तो इसका सेवन करना चाहीए।

सौंफ़ (Fennel seeds)

अक्सर आपने देखा होगा कि लोग खाने के बाद सौंफ़ का सेवन करते हैं। स्वास्थ्य दृष्टिकोण से यह बहुत लाभकारी है। इसमें कई ऐसे पोषक तत्व पाए जाते हैं जो पेट के लिए लाभकारी होते हैं। खासकर सीने में जलन, अपच, बदहजमी, पेट में मरोड़ अथवा दर्द के लिए रामबाण दवा है। इसके लिए आप केवल सौंफ़ और मिश्री का सेवन कर सकते हैं। जबकि तत्काल राहत के लिए सौंफ़ पाउडर युक्त शरबत का सेवन करें।

मेथी (Fenugreek)

मेथी एक हर्बल दवा है जो पेट में होने वाली किसी भी समस्या के लिये रामबाण मानी जाती है। मेथी को एंटी-एसिड भी कहा जाता है। जब भी पेट में एसिड रिफ्लक्स की समस्या हो 10 से 15 दाने मेथी के पानी के साथ दवा की तरह खाना चाहिए। इसके सेवन से एसिड रिफ्लक्स कम होता है।

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है। यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है। अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें। स्पोर्ट्सकीड़ा हिंदी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है।

Edited by Vineeta Kumar
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